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हल्द्वानी: 50 हजार की घूस लेते रंगेहाथ गिरफ्तार हुए जिला सैनिक कल्याण अधिकारी सुबोध शुक्ला,

हल्द्वानी – उत्तराखंड में भ्रष्टाचार के खिलाफ विजिलेंस की कार्रवाई लगातार तेज होती जा रही है। इसी कड़ी में विजिलेंस की टीम ने एक और बड़ी सफलता हासिल की है। शनिवार को विजिलेंस ने जिला सैनिक कल्याण अधिकारी बागेश्वर सुबोध शुक्ला को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई बागेश्वर स्थित सैनिक कल्याण एवं पुनर्वास कार्यालय परिसर में की गई। गिरफ्तार अधिकारी सेवानिवृत्त कर्नल हैं और मूल रूप से मध्य प्रदेश के उमरिया जिले के निवासी हैं।

शिकायत से लेकर गिरफ्तारी तक का पूरा घटनाक्रम

विजिलेंस को यह शिकायत एक सेवानिवृत्त सैनिक ने की थी, जो उपनल के माध्यम से सैनिक कल्याण विभाग में अनुबंध पर कार्यरत था। शिकायतकर्ता के अनुसार उसका 11 माह का अनुबंध समाप्त हो रहा था और सेवा विस्तार के लिए जिला सैनिक कल्याण अधिकारी सुबोध शुक्ला द्वारा 50,000 रुपये की रिश्वत की मांग की जा रही थी। इस गंभीर आरोप की जांच सतर्कता अधिष्ठान ने प्राथमिकता के आधार पर की और जांच में शिकायत प्रथम दृष्टया सही पाई गई।

इसके बाद पुलिस उपाधीक्षक सतर्कता अधिष्ठान सेक्टर हल्द्वानी अनिल सिंह मनराल के निर्देशन में एक ट्रैप टीम का गठन किया गया। टीम ने नियमानुसार योजना बनाई और शनिवार को कार्रवाई करते हुए सुबोध शुक्ला को बागेश्वर स्थित उनके कार्यालय में शिकायतकर्ता से 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ पकड़ लिया।

सेवानिवृत्त कर्नल के खिलाफ दर्ज होगा मुकदमा

गिरफ्तार अधिकारी सुबोध शुक्ला सेवानिवृत्त कर्नल हैं और वर्तमान में जिला सैनिक कल्याण अधिकारी के पद पर कार्यरत थे। उन पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया जाएगा और मामले की आगे गहन जांच की जाएगी।

विजिलेंस की सख्ती, ट्रैप टीम को मिलेगा इनाम

इस सफल कार्रवाई के लिए निदेशक सतर्कता डॉ. वी. मुरूगेशन ने ट्रैप टीम को नगद पुरस्कार देने की घोषणा की है। विजिलेंस की इस त्वरित और साहसिक कार्रवाई से यह संदेश गया है कि भ्रष्टाचार करने वाले किसी भी स्तर पर हों, वे अब सुरक्षित नहीं हैं।

जनता से अपील: भ्रष्टाचार के खिलाफ करें शिकायत

सतर्कता अधिष्ठान ने आम जनता से अपील की है कि वे भ्रष्टाचार के खिलाफ चुप न रहें। यदि किसी भी सरकारी अधिकारी या कर्मचारी द्वारा रिश्वत की मांग की जाती है तो इसकी शिकायत सतर्कता अधिष्ठान की टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 1064 या व्हाट्सएप नंबर 9456592300 पर की जा सकती है। आपकी पहचान गुप्त रखी जाएगी और त्वरित कार्रवाई की जाएगी।

यह घटना न केवल प्रशासनिक स्तर पर एक बड़ा झटका है, बल्कि इससे उन हजारों ईमानदार कर्मचारियों और अधिकारियों को बल मिलेगा जो बिना भ्रष्टाचार के अपनी सेवाएं दे रहे हैं। विजिलेंस की यह कार्रवाई उत्तराखंड में पारदर्शिता और जवाबदेही को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

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